घर खरीदने से पहले वास्तु के लिए फ्लोर प्लान कैसे पढ़ें

Last updated:  ·  By Raghavendra Hebbur

अधिकांश घर खरीदने वाले लोग कार्पेट एरिया, सुविधाओं की सूची और बिल्डर की प्रतिष्ठा देखने में हफ्ते बिता देते हैं। लेकिन बहुत कम लोग बुकिंग फॉर्म भरने से पहले फ्लोर प्लान को वास्तु की दृष्टि से पढ़ने में पंद्रह मिनट भी नहीं लगाते।

यह एक महंगी चूक है। एक बार फ्लैट खरीदने के बाद ढांचागत बदलाव महंगे, कानूनी रूप से प्रतिबंधित और व्यावहारिक रूप से कठिन होते हैं। हर बिल्डर द्वारा दिया जाने वाला फ्लोर प्लान उपयोग करके वास्तु मूल्यांकन किया जा सकता है।

चरण 1: पहले घर की दिशा तय करें

फ्लोर प्लान पर कुछ भी देखने से पहले, आपको जानना होगा कि फ्लैट किस दिशा में है। अपने मुख्य द्वार पर खड़े होकर बाहर की ओर देखें — आप जिस दिशा में मुंह करते हैं, वही फ्लैट की दिशा है। साइट विजिट के दौरान कम्पास एप का उपयोग करें।

चरण 2: उत्तर-पूर्व कोना खोजें और उसे सुरक्षित रखें

वास्तु शास्त्र में उत्तर-पूर्व (ईशान) कोना सबसे पवित्र और संवेदनशील क्षेत्र है। यहाँ शौचालय, रसोई, मास्टर बेडरूम या भारी सामान न रखें। यहाँ पूजा कक्ष, बाल्कनी या अध्ययन कक्ष आदर्श होते हैं।

चरण 3: दक्षिण-पश्चिम कोने की जाँच करें

दक्षिण-पश्चिम पृथ्वी तत्व से जुड़ा है — स्थिरता और भार का क्षेत्र। मास्टर बेडरूम यहाँ आदर्श है। शौचालय, रसोई और मुख्य द्वार इस कोने में न रखें।

चरण 4: रसोई की स्थिति देखें

आदर्श क्षेत्र: दक्षिण-पूर्व (अग्नि कोण), उत्तर-पश्चिम विकल्प के रूप में।

सबसे गंभीर गलती: उत्तर-पूर्व में रसोई — अग्नि और जल तत्व का टकराव वास्तु में सबसे गंभीर दोषों में से एक है।

फ्लैट खरीदने वालों के लिए वास्तु चेकलिस्ट

क्षेत्रआदर्शन रखें
उत्तर-पूर्वपूजा कक्ष, बाल्कनीशौचालय, रसोई
दक्षिण-पश्जिममास्टर बेडरूमशौचालय, रसोई
दक्षिण-पूर्वरसोईशयन कक्ष
केंद्रखुला, अव्यवस्थितस्तंभ, शौचालय

आने वाले समय का सबसे उचित उपयोग: बुकिंग राशि देने से पहले वास्तु परामर्श लें। वर्धिनी वास्तु से ऑनलाइन या बैंगलोर में व्यक्तिगत परामर्श बुक करें।

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